जीडीपी आंकड़े और एफपीआई के रुख तय करेंगे बाजार की चाल
मुंबई । बीते सप्ताह वैश्विक बाजार की तेजी से उत्साहित निवेशकों की लिवाली की वजह से लगभग एक फीसदी मजबूत रहे सेंसेक्स और निफ्टी की चाल इस सप्ताह चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही के सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी), जीएसटी, आईआईपी और पीएमआई आंकड़े के साथ ही विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (एफपीआई) के रुख तय करेंगे। कच्चे तेल की कीमत और अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपए की चाल भी घरेलू शेयर बाजार को प्रभावित करेगी। बीते सप्ताह बीएसई का तीस शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 716.16 अंक की छलांग लगाकर सप्ताहांत पर 73142.80 अंक और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का निफ्टी 172 अंक उछलकर 22212.80 अंक पर बंद हुआ। समीक्षाधीन सप्ताह में दिग्गज कंपनियों की तरह छोटी कंपनियों में भी लिवाली का जोर रहा। विश्लेषकों के अनुसार इस सप्ताह वित्त वर्ष 2023-24 की दिसंबर में समाप्त हुई तीसरी तिमाही के जीडीपी के आंकड़े आने वाले हैं। साथ ही वस्तु एवं सेवा कर, औद्योगिक उत्पादन के साथ ही विनिर्माण और सेवा क्षेत्र के पीएमआई आंकड़े जारी होने वाले है। इन आंकड़ों का इस सप्ताह शेयर बाजार की चाल निर्धारित करने में अहम भूमिका होगी। बाजार के जानकारों ने कहा कि हाल ही में एफपीआई की प्रवृत्ति की एक दिलचस्प विशेषता देखने को मिली कि अमेरिका में दस वर्ष के बांड यील्ड में तेजी के बावजूद एफपीआई इक्विटी का निवेश प्रवाह में कमी आई है। आम तौर पर जब अमेरिका में 10-वर्षीय बांड की यील्ड 4.15 प्रतिशत से ऊपर बढ़ जाती है तो एफपीआई भारी बिकवाली करते हैं लेकिन अब ऐसा नहीं हो रहा है। हालांकि डीआईआई, एचएनआई और खुदरा निवेशक अब प्रमुख निवेशक हैं और उनकी निरंतर खरीददारी बाजार को नए रिकॉर्ड तक पहुंचा रही है।
इजराइल की ईरान को सख्त चेतावनी, “खतरा बने तो नहीं बख्शेंगे”
Indian Premier League 2026 से पहले Anil Kumble का बड़ा बयान
ऊर्जा और खनिज संसाधनों के वैश्विक समीकरण पर पड़ सकता है बड़ा असर
Indian Premier League 2026 से पहले टीमों की बढ़ी चिंता, 6 स्टार खिलाड़ी अभी भी रिहैब में