मराठा आरक्षण कार्यकर्ता मनोज जरांगे ने स्थगित की भूख-हड़ताल
मराठा आरक्षण कार्यकर्ता मनोज जरांगे ने अपनी अनिश्चितकालीन भूख-हड़ताल को स्थगित करने की घोषणा की है। बता दें कि मनोज जरांगे पिछले छह दिनों से हड़ताल पर थे। वे लगातार मराठा आरक्षण को लेकर विरोध प्रदर्शन कर रहे थे। जरांगे चाहते हैं कि मराठा समुदाय को अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के तहत आरक्षण दिया जाए।मनोज जरांगे ने महाराष्ट्र के जालना जिले में अपने पैतृक गांव अंतरवाली सराटी में शनिवार को विरोध प्रदर्शन शुरू किया और चेतावनी दी थी कि अगर सरकार इस मुद्दे का तुरंत समाधान नहीं करती है तो वह नसों के माध्यम से शरीर में तरल पदार्थ लेना भी बंद कर देंगे। उनकी तबीयत लगातार बिगड़ रही थी, जिस वजह से छत्रपति संभाजीनगर से नवनिर्वाचित शिवसेना सांसद संदीपन भुमरे ने मंगलवार को अंतरवाली सराटी का दौरा किया था।
क्या है मनोज जरांगे की मांग?
मनोज जरांगे मराठा आरक्षण के लोगों को कुंबी जाति प्रमाणपत्र देने की मांग कर रहे हैं। दरअसल, महाराष्ट्र में कुंबी समुदाय को ओबीसी श्रेणी में रखा गया है ऐसे में मराठा आरक्षण के लोगों को कुंबी जाति प्रमाणपत्र देने से उन्हें (मराठा आरक्षण के लोगों को) आरक्षण का लाभ मिल सकेगा।
इंदौर में ई-रिक्शा नियम लागू, जांच में 5 हजार अवैध वाहन पकड़े गए, 10 दिन में सुधार की मोहलत
ग्वालियर में सेवानिवृत्त कर्मचारी पर गंभीर आरोप, बैकडेट में दस्तावेजों पर हस्ताक्षर का मामला
सुप्रीम कोर्ट ने सोम डिस्टिलरीज को नहीं दी तत्काल राहत, मामला फिर हाई कोर्ट के पाले में, 18 मार्च तक जवाब दाखिल करने का निर्देश, 20 मार्च को हाई कोर्ट करेगा अंतरिम राहत पर फैसला
रतलाम: मीजल्स से 9 वर्षीय बच्ची की मौत, स्वास्थ्य विभाग ने जानकारी देने में लगाई पांच दिन